चाँद-२

मैंने चाँद से एक टुकड़ा अम्बर माँगा
उसने आधा अम्बर
फाड़ कर मुझे दिया

मैंने उनके कागज के कस्तियाँ बनायीं
कागज के फुल, पंक्षी ,पंखें तथा जहाज बनाया
तारों को मैंने कश्तियों में भर कर खूब ब्यापार किया

आज मैं चाँद दोनों साथ साथ खेलते हैं
चाँद मेरे कस्ती से खेलता है
तो मैं उनके तारों से....



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